जब मुख्यमंत्री वोरा के बाल काटने के लिए नाई फोटोग्राफर साथ लाया...


भोपाल (जोशहोश डेस्क) वरिष्ठ कांग्रेस नेता मोतीलाल वोरा आज निधन हो गया। वोरा मध्यप्रदेश के दो बार मुख्यमंत्री रहे हैं। दोनों बार उन्हें अर्जुन सिंह के छोड़ने पर यह पद मिला। मुख्यमंत्री रहते हुए उनका एक किस्सा मशहूर है, जब उनके बाल काटने के लिए आया नाई अपने साथ फोटोग्राफर भी लाया था, ताकि मुख्यमंत्री के साथ तस्वीर खिंचवा सके।

एक बार प्रधानमंत्री राजीव गांधी ग्वालियर के दौरे पर आने वाले थे। उनकी अगवानीकरने के लिए बतौर मुख्यमंत्री मोतीलाल वोरा पहले ही ग्वालियर पहुंच गये। राजीव गांधी को सुबह-सुबह ग्वालियर पहुंचना था लिहाजा वोरा ने रात्रि विश्राम एक दिन पहले ग्वालियर में ही किया। सोते समय मुख्यमंत्री को ख्याल आया कि उनके बाल बढ़े हुए है। राजीव जैसे सुदर्शन राजनेता के सामने किसी को भी सुंदर दिखने की लालसा हो जाये तो इसमें कुछ भी असहज नहीं था। वोरा ने अपने सचिव के.डी.कुकरेती को बाल कटवाने की इच्छा बताई। कुकरेती असमंजस में पड़ गये। रात के एक बजे भला कहां से नाई लायें।

कुकरेती ने पुलिस अधीक्षक से कहा। पुलिस अधीक्षक ने आदेश नीचे कोतवाली थानेदार को बढ़ा दिया। थानेदार ने रात को ही अपने इलाके के सभी कटिंग सेलून चलाने वाले लोगों को थाने में इकट्ठा कर लिया। कुल मिलाकर चार बाल काटने वाले नाई इकट्ठे हो गये। जब तक नाई मिलने की सूचना मुख्यमंत्री तक पहुंचती तब तक वोरा सो गये थे। तय हुआ कि सुबह-सुबह उठने के साथ ही मुख्यमंत्री बाल कटवायेंगे।

चारों नाईयों को रातभर थाने में बिठाकर रखा गया। स्टेशन से चाय बुलाकर उनकी थोड़ी बहुत आवभगत भी की गई। सुबह-सुबह उन चारों को सर्किट हाऊस पुलिस की जीप में ले जाया गया जहां वोरा के सचिव ने एक का चयन किया। रात भर के पूरे घटनाक्रम से अनभिज्ञ मुख्यमंत्री ने अपने सामने नाई को देखकर प्रसन्नता व्यक्त की और बाल कटाने बैठ गये। बाल जैसे ही कटे नाई ने वोरा के पैर पकड़ लिये और मुख्यमंत्री के साथ फोटो खिचाने का आग्रह किया। इतने सबेरे फोटोग्राफर कहां से आता। पर नाई होशियार था उसने कहा ‘‘साहब मैं फोटोग्राफर साथ लाया हॅूं’’। फोटो ली गई पर बचे हुए तीन अन्य नाई बड़े निराश हुए। बाद में वोरा ने उनके साथ भी फोटो खिचवाई।

[साभार :राजनीतिनामा मध्यप्रदेश]